विदेश से आये थे टूरिस्ट वीजा पे पर फैलाने लगे मस्जिद से इस्लाम, 57 विदेशी गिरफ्तार


दिल्ली मरकज से बड़ी संख्या में निकाले गए जमातियों के बाद से देश भर में जमातियों को खोजने का अभियान जारी है। कुछ इसी तरह बिहार में चलाए जा रहे अभियान के तहत बिहार पुलिस ने मंगलवार को विभिन्न जिलों में मौजूद तबलीगी जमात से जुड़े 57 विदेशी जमातियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। इन जमातियों को पुलिस ने मस्जिद में छिपने, पुलिस को सूचना न देने और वीजा नियमों का उल्लंघन करने के आरोप में गिरफ्तार किया है।

लगातार मस्जिदों में की जा रही छापेमारी के दौरान मंगलवार को बिहार पुलिस ने प्रदेश के विभिन्न जिलों की मस्जिदों में छिपे बैठे तबलीगी जमात से जुड़े 57 विदेशी नागरिकों को गिरफ्तार कर लिया। इन सभी विदेशी नागरिकों पर वीजा नियमों का उल्लंघन करने का आरोप है। गिरफ्तार किए गए सभी विदेशियों को पुलिस ने जेल भेज दिया है। इसके बाद सभी को अदालत में पेश किया जाएगा।

अमर उजाला की खबर के मुताबिक पटना के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक उपेंद्र शर्मा ने बताया कि किर्गिस्तान निवासी कुल 17 लोग पर्यटन वीजा पर भारत आए थे और वीजा नियम का उल्लंघन करते हुए धार्मिक प्रचार कार्य कर रहे थे। उन्होंने बताया कि इन लोगों के खिलाफ विदेशी अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई और उन्हें जेल भेज दिया गया है।

जानकारी के मुताबिक 23 मार्च को पुलिस ने इन लोगों को पटना के दीघा और फुलवारीशरीफ थाना क्षेत्र से हिरासत में लेकर उनकी पटना एम्स में मेडिकल जाँच कराई थी और कोरोना वायरस का संक्रमण नहीं पाए जाने पर सभी को क्वारंटाइन किया गया था।

वहीं किशनगंज के पुलिस अधीक्षक कुमार आशीष ने बताया कि पर्यटन वीजा पर देश में आए 10 इंडोनेशिया और एक मलेशिया के नागरिक को वीजा नियम का उल्लंघन किए जाने और किशनगंज आने की जानकारी स्थानीय पुलिस को नहीं देने के मामले में इनके विरुद्ध सदर थाने में प्राथमिकी दर्ज करके उन्हें गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।

उन्होंने कहा कि 31 मार्च को इनकी मेडिकल जाँच कराई गई थी, जिसकी रिपोर्ट चार दिनों के बाद आई और जाँच में सभी में कोरोना वायरस का संक्रमण नहीं पाया गया था। वहीं अररिया जिला में वीजा के नियमों का उल्लंघन के आरोप में तब्लीगी जमात से जुड़े 18 विदेशियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस अधीक्षक धूरत सायली ने बताया कि गिरफ्तार किए गए विदेशियों में नौ मलेशियाई और नौ बांग्लादेशी शामिल हैं।

इनमें से 9 मलेशियाई नागरिकों के खिलाफ अररिया नगर थाने में जबकि 9 बांग्लादेशी नागरिकों के विरूद्ध नरपतगंज थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। दिल्ली से अररिया पहुँचे इन मलेशियाई नागरिकों की 24 मार्च को मेडिकल जाँच कराई गई थी और उनमें कोरोना वायरस के लक्षण नहीं पाए गए थे, इसके बाद भी सभी को क्वरंटाइन किया गया था, लेकिन क्वरंटाइन का पीरियड समाप्त होते ही पुलिस ने सभी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।